न्याय के लिए 6 साल की जंग, पीड़ित परिवारों ने बसना पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
बसना (जीत यादव) — ग्राम टांडापारा अंकोरी के निवासी कुंजलाल राठौर ने छह वर्ष पुराने दर्दनाक सड़क हादसे के मामले में बसना पुलिस पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। 16 जनवरी 2019 को 407 वाहन से डोड़कीदादर की यात्रा के दौरान लौटते समय साल्हेझरिया के पास ड्राइवर दुर्गा प्रसाद पाणे ने कथित रूप से शराब के नशे में वाहन से नियंत्रण खो दिया, जिसके कारण वाहन पलट गया। हादसे में कुल 32 यात्री सवार थे जिनमें महिलाएँ, पुरुष और बच्चे शामिल थे। मौके पर ही 6 लोगों की मौत हो गई, जबकि 10 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए। हादसे के बाद आरोपी ड्राइवर मौके से फरार हो गया था।
पीड़ितों ने तत्काल बसना थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी, जिसके बाद थाना प्रभारी द्वारा कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की गई। रिपोर्ट में मृतकों और गंभीर रूप से घायलों के लिए मुआवजा दिलाने की मांग शामिल थी। परंतु पीड़ित परिवारों के अनुसार लंबे समय से न तो कोई मुआवजा मिला और न ही आरोपी ड्राइवर पर कड़ी कार्रवाई हो सकी है। इस दौरान कोर्ट द्वारा कई बार गिरफ्तारी वारंट जारी किए गए, लेकिन पुलिस की ओर से यह कहकर कार्रवाई टाली जा रही है कि वारंट उनके पास समय पर नहीं पहुंचा।

टांडापारा निवासी नारायण राठौर ने बताया कि वे वर्षों से न्याय की मांग को लेकर चक्कर काट रहे हैं, लेकिन पुलिस आरोपी को अब भी फरार बता रही है, जबकि हाल ही में ग्रामीणों ने आरोपी को गांव में घूमते हुए देखा है। उन्होंने कहा कि यह पुलिस की गंभीर लापरवाही और न्याय प्रक्रिया में देरी का स्पष्ट उदाहरण है।
पीड़ित परिवारों ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि शीघ्र उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो वे मामला मानवाधिकार आयोग, एसपी महासमुंद, तथा वरिष्ठ न्यायिक अधिकारियों तक ले जाएंगे। स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी, पीड़ितों को मुआवजा और पारदर्शी जांच की मांग की है।




