बसना(जीतयादव)। लगातार बारिश के बाद कायतपाली जाने वाले मार्ग पर बना पीडब्ल्यूडी का पुल क्षतिग्रस्त हो गया है। नाले में तेज बहाव के कारण पुल के ऊपर की मिट्टी बह गई, जिससे सड़क पर आवाजाही मुश्किल हो गई है। यह मार्ग आसपास के कई गांवों को जोड़ता है, इसलिए पुल की हालत खराब होने से ग्रामीणों के साथ किसानों की परेशानी भी बढ़ गई है।
कायतपाली जाने वाले मार्ग पर नाले के तेज बहाव से बह गई पुल की मिट्टी, खेतों तक ट्रैक्टर ले जाना हुआ मुश्किल।
पुल क्षतिग्रस्त होने के कारण कायतपाली होते हुए गढ़फुलझर, बसना और अंकोरी की ओर आने-जाने वाले लोगों को दिक्कत हो रही है। रोजमर्रा के काम, बाजार और अन्य जरूरी कार्यों के लिए इस मार्ग का इस्तेमाल करने वाले ग्रामीणों को अब सावधानी से आवाजाही करनी पड़ रही है।
खेतों तक ट्रैक्टर ले जाना हुआ मुश्किल
पुल की खराब हालत का असर खेती-किसानी पर भी पड़ रहा है। ग्राम पंचायत सरायपाली-गिधामुंडा क्षेत्र के कई किसानों के खेत और खलिहान नाले के दूसरी ओर हैं। ऐसे में ट्रैक्टर और कृषि उपकरण खेतों तक ले जाने में परेशानी हो रही है।
ग्राम कायतपाली के किसान वृन्दावन नेताम ने बताया कि पुल क्षतिग्रस्त होने के बाद ट्रैक्टर लेकर नाले के उस पार जाना काफी मुश्किल हो गया है। खेती के इस समय में कई जरूरी काम प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि जल्द मरम्मत नहीं हुई तो किसानों की परेशानी और बढ़ सकती है।
ग्रामीणों ने की जल्द मरम्मत की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि बारिश के दौरान नाले का बहाव और तेज हो जाता है। ऐसे में क्षतिग्रस्त पुल से गुजरना जोखिम भरा हो सकता है। ग्रामीणों ने लोक निर्माण विभाग और प्रशासन से मौके का निरीक्षण कर पुल की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि यह पुल केवल आने-जाने का रास्ता नहीं है, बल्कि कई गांवों की आवाजाही और किसानों की खेती से जुड़ा महत्वपूर्ण मार्ग है। इसलिए विभाग को जल्द जरूरी व्यवस्था करनी चाहिए, ताकि लोगों को परेशानी से राहत मिल सके।


