महासमुंद।महिला एवं बाल विकास विभाग के द्वारा महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान एवं स्वावलंबन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एनीमिया विषय पर 15 दिवसीय विशेष जागरूकता अभियान संचालित किया जा रहा है। यह अभियान जिले के सभी विकासखंडों की ग्राम पंचायतों, नगर पंचायतों, आंगनबाड़ी केंद्रों, स्कूलों एवं कॉलेजों में आयोजित किया जा रहा है।

राष्ट्रीय बालिका दिवस पर एनीमिया जागरूकता और स्वास्थ्य परीक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इसी कड़ी में राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गढ़फुलझर (बसना) में एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के अंतर्गत बालिकाओं को लैंगिक समानता, अपने जीवन के लक्ष्य निर्धारित कर शिक्षा पर ध्यान केंद्रित करने, तथा सही पोषण के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। संतुलित आहार, फोलिक एसिड, आयरन एवं कैल्शियम युक्त खाद्य पदार्थों के सेवन पर विशेष जोर दिया गया।

कार्यक्रम में एनीमिया की रोकथाम एवं मासिक धर्म स्वच्छता से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। इसके साथ ही बालिकाओं और महिलाओं को सखी वन स्टॉप सेंटर, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, भारतीय न्याय संहिता तथा महिलाओं व बच्चों से संबंधित विभिन्न कानूनों—जैसे घरेलू हिंसा अधिनियम 2005, पॉक्सो अधिनियम 2012, बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 एवं दहेज प्रतिषेध अधिनियम 1961—की जानकारी दी गई।

इस अवसर पर महिला हेल्पलाइन 181 और चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के बारे में भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम के अंत में बालिकाओं का हीमोग्लोबिन परीक्षण किया गया तथा उन्हें फोलिक एसिड और आयरन की गोलियां के साथ कॉपी-पेन का वितरण किया गया।
कार्यक्रम में जिला मिशन समन्वयक खिलेश्वरी चक्रधारी, केंद्र प्रशासक झलक साहू, चाइल्ड हेल्पलाइन सुपरवाइजर पायल ध्रुव, भोजराम चौहान एवं सेक्टर सुपरवाइजर उमादेवी पटेल सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।



