महासमुंद में ‘अविरल सितली – निर्मल सितली’ अभियान का शुभारंभ, जीवनदायिनी सितली नाला को पुनर्जीवित करने की दिशा में पहला कदम
महासमुंद। स्वाध्याय केंद्र समिति ने महासमुंद शहर की जीवन रेखा कही जाने वाली सितली नाला को पुनर्जीवित करने की दिशा में अपने महत्वाकांक्षी अभियान “अविरल सितली – निर्मल सितली” का पहला चरण शुरू कर दिया है।
सोमवार को समिति के सदस्यों ने इंजीनियर बी.आर. साहू के तकनीकी मार्गदर्शन में, सिंचाई विभाग के सहयोग से सितली नाला पर बने डैम का निरीक्षण किया।
डैम की सफाई और जल प्रवाह बहाल करने की पहल
निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य लंबे समय से बंद पड़े डैम के जल प्रवाह को पुनः सुचारू करना था। इस दौरान समिति की टीम ने डैम के फाटकों में फंसे मलबे और गाद को हटाने का प्रयास किया, जो वर्षों से जल प्रवाह में बाधा बने हुए थे।
समिति ने बताया कि जल्द ही इस अभियान के तहत भूमि पूजन कर औपचारिक शुभारंभ किया जाएगा, जिससे सितली नाला को फिर से अविरल और निर्मल रूप देने की दिशा में कार्य प्रारंभ हो सके।
12 नवंबर को होगी रूपरेखा निर्धारण बैठक
अभियान की समग्र रूपरेखा तैयार करने और क्रियान्वयन सुनिश्चित करने हेतु एक महत्वपूर्ण बैठक 12 नवंबर की शाम 4 बजे स्वाध्याय केंद्र सभागार में आयोजित की जाएगी।
इस बैठक में शहर के सभी वर्गों — सामाजिक संस्थाओं, युवाओं, पर्यावरण प्रेमियों और नागरिकों — को आमंत्रित किया गया है। बैठक में अभियान की विस्तृत कार्ययोजना और आगामी कदमों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
समिति ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे बैठक में शामिल होकर अपने सुझाव दें और इस जनसहभागिता आधारित पर्यावरणीय अभियान का हिस्सा बनें।


