बसना। प्रदेश में 15 नवंबर से धान खरीदी की प्रक्रिया शुरू होने वाली है, लेकिन उससे पहले ही धान तस्करों की गतिविधियां तेज हो गई हैं। ओडिशा से अवैध रूप से धान लाकर छत्तीसगढ़ की समितियों में खपाने का खेल शुरू हो गया है। इसी क्रम में सोमवार तड़के महासमुंद जिले के बसना में बड़ी कार्रवाई की गई, जहां कृषि उपज मंडी समिति की टीम ने ओडिशा से आ रहे एक ट्रैक्टर को पकड़ लिया।
स्थानीय किसानों के नाम पर हो रही थी बाहरी धान की खपत, प्रशासन सतर्क।
सुबह करीब 5 बजे पलसापाली अंतरराज्यीय जांच बैरियर पर मंडी उपनिरीक्षक खुलूराम यादव की टीम ने ओडिशा से बसना की ओर आ रहे एक ट्रैक्टर को संदिग्ध मानते हुए रोका। पूछताछ में संदेह गहराने पर ट्रैक्टर को मंडी उड़नदस्ता टीम की मदद से बसना कृषि उपज मंडी लाया गया। जांच में पाया गया कि वाहन में 131 पैकेट मोटा धान भरा हुआ था, जिसे ओडिशा से लाकर छत्तीसगढ़ की सोसाइटी में अवैध रूप से खपाने की तैयारी थी।

पूछताछ में ट्रैक्टर मालिक की पहचान पूर्णचंद्र मेहेर पिता साधु मेहेर, निवासी ग्राम दहीता, जिला बरगढ़ (ओडिशा) के रूप में हुई। बताया जा रहा है कि रात के अंधेरे में इस धान को सीमावर्ती इलाकों से लाकर स्थानीय समितियों में बेचने की साजिश रची जा रही थी। अनुमान है कि इस तरह के कई खेप पहले से ही सुरक्षित ठिकानों पर इकट्ठा किए जा रहे हैं ताकि खरीदी शुरू होते ही खपाया जा सके।

मामले की जानकारी मिलते ही मंडी सचिव श्रवण कुमार कुरुवंशी ने कलेक्टर विनय कुमार लंगेह और एसडीएम हरिशंकर पैकरा के निर्देश पर कार्रवाई के आदेश दिए। मंडी टीम — जिसमें उपनिरीक्षक खुलूराम यादव, दिनेश कुमार साहू और शम्मी कुमार शामिल थे — ने मौके पर पहुंचकर ट्रैक्टर को जब्त किया और मंडी अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की।




