महासमुंद। प्यार और धोखे की कहानी का खौफनाक अंत महासमुंद जिले में सामने आया है। यहां एक युवती ने अपने प्रेमी और परिवारवालों के साथ मिलकर पति की हत्या कर दी। हत्या के करीब एक साल बाद पुलिस ने शुक्रवार को इस सनसनीखेज मामले का खुलासा करते हुए 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
कब्र से निकाला गया शव, DNA टेस्ट से हुई पहचान
29 सितंबर 2024 को घोड़ारी स्थित तालाब में एक युवक का शव बरामद हुआ था। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सिर पर ठोस वस्तु से चोट की पुष्टि हुई थी। शव की शिनाख्त न होने के चलते उसे दफना दिया गया।इस बीच 5 जनवरी 2025 को रायपुर के खम्हारडीह थाने में दर्ज एक गुमशुदगी रिपोर्ट और शव के हुलिए में समानता मिलने पर पुलिस ने शक गहराया। 24 सितंबर 2025 को प्रशासन की मौजूदगी में कब्र से शव निकाला गया। DNA टेस्ट से पुष्टि हुई कि शव गुमशुदा आकाश सिंह का है। इसके बाद हत्या का राज उजागर हुआ।
कैसे हुआ था पूरा घटनाक्रम
पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक आकाश सिंह ने एक साल पहले लवली सिंह से प्रेम विवाह किया था। लेकिन लवली पहले से ही अभिनव सिंह के साथ पांच साल तक लिव-इन रिलेशनशिप में रह चुकी थी। इस दौरान अभिनव न केवल लवली का बल्कि उसके परिवार का भी खर्च उठाता था।जब आकाश और लवली ने अगस्त 2024 में भागकर शादी कर ली, तो यह रिश्ता लवली के परिजनों और अभिनव को मंजूर नहीं था।
विवाद के बाद दी गई थी दर्दनाक मौत
25 सितंबर 2024 को लवली के पिता ने आकाश और लवली को अभिनव के घर बुलाया। वहां पहले कहासुनी हुई, फिर अभिनव सिंह, लवली के पिता अभिलाख सिंह, भाइयों गौरव और वीरू ने मिलकर आकाश की बेरहमी से पिटाई की। लगातार मारपीट से उसकी मौत हो गई।हत्या के बाद शव को स्कूटी में लादकर घोड़ारी तालाब में फेंक दिया गया।
हत्या छिपाने की साजिश और यूपी फरारी
वारदात के बाद लवली ने आकाश का सामान समेटा और परिवार समेत उत्तर प्रदेश के जालौन भाग गई। हैरानी की बात यह रही कि शक से बचने के लिए वह सोशल मीडिया पर आकाश के साथ अपनी तस्वीरें पोस्ट करती रही, ताकि लोगों को लगे कि सब कुछ सामान्य है।
पुलिस ने घेरा और दबोचे आरोपी
लगातार जांच और क्राइम डेटा एनालिसिस से पुलिस ने पूरे मामले की परतें खोलीं। इसके बाद महासमुंद पुलिस ने रायपुर के विधायक कॉलोनी, पिरदा और लाभांडी इलाके से लवली सिंह, अभिनव सिंह, अभिलाख सिंह, गौरव और वीरू को गिरफ्तार किया।
हत्या और साजिश की धाराओं में केस दर्ज
एडिशनल एसपी प्रतिभा पांडेय ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ
धारा 103(ए) (हत्या),
धारा 238 (साक्ष्य छिपाना)
और धारा 61(2) के तहत केस दर्ज किया गया है।
सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।



कब्र से निकाला गया शव, DNA टेस्ट से हुई पहचान

