बसना(जीतयादव)। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) महासमुंद में FLN (Foundational Literacy and Numeracy) आधारित 5 दिवसीय नवीन पाठ्यपुस्तक प्रशिक्षण का सफल आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य शिक्षकों को नई पाठ्यपुस्तकों की समझ विकसित कर कक्षा में प्रभावी और गतिविधि-आधारित शिक्षण पद्धतियों को अपनाने के लिए तैयार करना रहा।
FLN नई पाठ्यपुस्तक और शिक्षण विधियों पर 5 दिवसीय कार्यशाला सम्पन्न।
इस प्रशिक्षण में विकासखंड सरायपाली, बसना, पिथौरा, बागबाहरा और महासमुंद के कुल 60 प्रशिक्षार्थियों ने भाग लिया, जिनमें सरायपाली के 12 बीआरजी भी शामिल रहे। प्रशिक्षण के दौरान मास्टर ट्रेनर शीला विश्वास, गीता साहू, दुलारी चंद्राकर, शरण दास और रिंकल बग्गा ने 5 दिनों तक विभिन्न विषयों पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया।

कार्यक्रम के समापन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में डाइट प्राचार्य अरुण प्रधान, उप प्राचार्य उमा देवी शर्मा, वरिष्ठ प्राध्यापक संतोष साहू, प्राध्यापक राजेश चंद्राकर, ईश्वर चंद्राकर और तिलोतमा प्रधान उपस्थित रहे।
प्रशिक्षण के दौरान राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020, एससीएफ-एफएस एवं एससीएफ-एसई के तहत नई शिक्षण रणनीतियों, बहुस्तरीय कक्षा प्रबंधन, कक्षा चौथी की नवीन पाठ्यपुस्तकों तथा भाषा, गणित, पर्यावरण, अंग्रेजी और योग शिक्षा के आधारभूत कौशलों पर विशेष जोर दिया गया।

सहभागी शिक्षकों ने समूह गतिविधियों, माइक्रो टीचिंग और प्रायोगिक अभ्यास के माध्यम से नई तकनीकों को समझा और इसे कक्षा में लागू करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।FLN प्रशिक्षण में प्राचार्य अरुण प्रधान ने अपने उद्बोधन में कहा कि प्रारंभिक स्तर पर पढ़ने, लिखने और गणना की क्षमता को मजबूत करना बेहद जरूरी है, जिससे बच्चों के समग्र विकास की मजबूत नींव रखी जा सके।




