पिथौरा (जीत यादव)।जिले में शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा देते हुए FLN मेला काआयोजन खट्टाडीह, चंदनपुर एवं कंचनपुर के शासकीय प्राथमिक विद्यालयों में संयुक्त रूप से बुनियादी साक्षरता एवं संख्याज्ञान किया गया।
“करके देखबो, सीख के रहीबो” (करके देखेंगे, सीख कर रहेंगे) के प्रेरणादायक नारे के साथ आयोजित यह मेला बच्चों की रचनात्मकता, सीखने की क्षमता और खेल-आधारित सीख की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।
इस मेले की खास बात यह रही कि सभी स्टॉल स्वयं बच्चों द्वारा बच्चों के लिए तैयार किए गए, जहाँ भाषा, गणित और अंग्रेजी विषयों पर रंगारंग गतिविधियाँ आयोजित की गईं।
बच्चों ने पहेलियाँ, कार्ड गेम, संख्या-ज्ञान अभ्यास, शब्द निर्माण, अक्षर पहचान जैसी कई रोचक शिक्षण गतिविधियों से अभिभावकों और अतिथियों का मन मोह लिया।

मेले का प्रमुख आकर्षण “ऑटो मोड स्टॉल” रहा, जहाँ बच्चों ने स्वयं सीखने, प्रयोग करने और समझने का अनुभव प्राप्त किया।
“सीखो, खेलो, दिखाओ” की अवधारणा पर आधारित इस आयोजन ने बच्चों में जिज्ञासा और उत्साह को नई दिशा दी। मेले के समापन पर न्योता भोज का भी आयोजन हुआ।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में कुमार चक्रधारी (उप सरपंच), गीता साहू (DRG महासमुंद), श्रद्धा महानंद (प्रधान पाठक खट्टाडीह), दिनेश साहू(प्रधान पाठक चंदरपुर), पूनम निषाद, दीपा महार (BRG), तथा अमित कुमार उइके उपस्थित रहे।
अतिथियों ने FLN मेले को शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने वाली उत्कृष्ट पहल बताया और भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों के आयोजन की आवश्यकता पर बल दिया।
आरंगी में भी आयोजित हुआ FLN मेला
इसी क्रम में 14 नवंबर को शासकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय आरंगी में भी FLN मेला आयोजित किया गया।
यहाँ प्राथमिक स्तर के विद्यार्थियों ने भाषा, गणित और अंग्रेजी के आकर्षक स्टॉल लगाए, जिन्हें अभिभावकों और अतिथियों ने सराहा।
कार्यक्रम में सरपंच भोजराज प्रधान,स्कूल प्रबंधन समिति अध्यक्ष बलराम प्रधान, संकुल समन्वयक शिशुपाल प्रधान, प्रभारी प्रधान पाठक तेजराम प्रधान, तथा अन्य शिक्षक-कर्मचारी उपस्थित रहे।
इस आयोजन से यह संदेश साफ दिखाई दिया कि—
“जहाँ सीखना है उत्सव, वहीं शिक्षा है जीवंत!”
यह पहल निश्चित रूप से बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में अहम भूमिका निभाएगी।





