बसना। छत्तीसगढ़ में राज्यभर में मितानिन दिवस मनाया गया। इस अवसर पर जनपद पंचायत बसना अंतर्गत ग्राम पंचायत कूडेकेल में मितानिनों के सम्मान में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण स्वास्थ्य सेवा में लगातार सेवा दे रही मितानिनों के योगदान को सम्मान देना था।

मितानिन दिवस कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्राम पंचायत कूडेकेल सरपंच श्री भरत लाल डड़सेना ने की। इस अवसर पर उपसरपंच प्रतिनिधि श्री मिलन साव, रोजगार सहायक श्री पवन सिदार, श्री उपेंद्र साव तथा पंचायत पंचगण श्री बलिराम यादव, श्री पदमलोचन पटेल, श्री जितेंद्र सिदार, श्री अशोक साव और श्रीमती सुमित्रा बारमते उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान ग्राम की मितानिनों—
श्रीमती होमकुंवर सिदार
श्रीमती पुरान बाई निषाद
श्रीमती गुलापी सिदार
श्रीमती रोहिणी सागर
- मितानिन ट्रेनर (MT) श्रीमती पदमा दास मानिकपुरी
को साड़ी व श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया।

मितानिन दिवस पर अतिथियों ने कहा कि मितानिनें ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ हैं। गर्भवती महिलाओं की देखभाल, नवजात शिशुओं का टीकाकरण, कुपोषण निवारण, प्रसव पूर्व जागरूकता और आपात स्वास्थ्य सेवाओं में उनकी भूमिका सराहनीय रही है। ग्रामीणों के बीच भरोसे और सेवा की भावना के कारण मितानिनें स्वास्थ्य प्रणाली और आमजन के बीच महत्वपूर्ण कड़ी बनी हुई हैं।

कार्यक्रम में वक्ताओं ने राज्य सरकार द्वारा मितानिनों के मानदेय, प्रशिक्षण और सुविधाओं में सुधार के लिए किए जा रहे प्रयासों की भी प्रशंसा की।सम्मानित मितानिनों ने कहा कि यह सम्मान उनकी जिम्मेदारी को और बढ़ाता है तथा वे आगे भी पूरे समर्पण और संवेदना के साथ अपनी सेवाएं देती रहेंगी।
मितानिन दिवस कार्यक्रम के अंत में सभी मितानिनों ने संकल्प लिया—
“हर घर स्वस्थ — हर गांव सुरक्षित।”
कार्यक्रम ग्रामीणों की उपस्थिति और उत्साह के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।




