16 हजार NHM संविदा कर्मचारी कल से जल सत्याग्रह पर, बर्खास्तगी के बाद आंदोलन तेज
रायपुर। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के 16 हजार से अधिक संविदा कर्मचारी सोमवार से नवा रायपुर में जल सत्याग्रह करेंगे। रायपुर जिले के 1600 कर्मचारियों समेत पूरे प्रदेश से आंदोलनकारियों के शामिल होने की जानकारी मिली है। रायपुर जिला NHM संघ के संगठन मंत्री अमन दास ने इसकी पुष्टि की है। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो विधानसभा और मंत्रियों-विधायकों के बंगले का घेराव भी किया जाएगा।
इससे पहले, रायपुर, दुर्ग और रायगढ़ समेत कई जिलों में कर्मचारियों ने सामूहिक इस्तीफा दिया था। रायपुर में 1600, दुर्ग में 850 और रायगढ़ में 500 कर्मचारियों ने इस्तीफे सौंपे। वहीं, रायपुर CMHO डॉ. मिथिलेश चौधरी ने कहा कि ज्ञापन प्राप्त किया गया है, लेकिन इसे स्वीकार नहीं किया गया।

NHM संविदा कर्मचारी 18 अगस्त से हड़ताल पर हैं। बीते 20 दिनों से स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हैं। सरकार ने 10 सूत्रीय मांगों में से 5 मांगें मानने का आश्वासन दिया है, लेकिन कर्मचारी अभी भी संतुष्ट नहीं हैं। कर्मचारियों ने प्रदर्शन के अलग-अलग तरीके अपनाए हैं—कभी पीएम-सीएम और स्वास्थ्य मंत्री का मुखौटा पहनकर डांस किया, तो कभी खून से सरकार को लेटर लिखा।
इस बीच, सरकार ने हड़ताली कर्मचारियों को 24 घंटे में काम पर लौटने का आदेश दिया था। आदेश की अवहेलना करने पर बुधवार को 25 कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया। इसमें NHM संविदा कर्मचारी संगठन के प्रदेश संरक्षक हेमंत सिन्हा और महासचिव कौशलेश तिवारी भी शामिल हैं। बर्खास्तगी के बाद आंदोलन और तेज हो गया है।
NHM संविदा कर्मचारियों का कहना है कि शासन-प्रशासन बातचीत से पीछे हट गया है और सिस्टम उन पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहा है। ऐसे में प्रोटेस्ट ही उनके पास एकमात्र विकल्प बचा है और आंदोलन तब तक जारी रहेगा जब तक मांगें पूरी नहीं हो जातीं।



